
Rahul Dev News : इंडस्ट्री के जाने-माने अभिनेता राहुल देव अपनी दमदार एक्टिंग और खासकर निगेटिव किरदारों के लिए पहचाने जाते हैं। पर्दे पर मजबूत और सख्त दिखाई देने वाले राहुल देव की निजी जिंदगी काफी संघर्षों से भरी रही है। उन्होंने अपनी जिंदगी में ऐसा मुश्किल दौर देखा, जिसने उन्हें पूरी तरह बदल दिया। पत्नी के निधन के बाद उन्होंने अपने बेटे की परवरिश अकेले की और आज भी दूसरी शादी नहीं की है। हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में राहुल देव ने अपने जीवन के सबसे कठिन समय को याद करते हुए कई भावुक बातें साझा कीं।
Rahul Dev की शादी रीना देव से हुई थी। दोनों की शादीशुदा जिंदगी अच्छी चल रही थी। शादी के करीब 11 साल बाद अचानक उनकी पत्नी रीना का निधन हो गया। पत्नी के जाने के बाद राहुल देव की जिंदगी पूरी तरह बदल गई। उस समय उनका बेटा काफी छोटा था और उसकी पूरी जिम्मेदारी राहुल के कंधों पर आ गई। हाल ही में गलाटाइंडिया को दिए इंटरव्यू में राहुल देव ने बताया कि पत्नी के निधन के बाद उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती अपने बेटे की परवरिश करना था। उन्होंने कहा कि उस समय उनके पास नाम, शोहरत, पैसा और काम की कोई कमी नहीं थी। लोग उनके अभिनय की तारीफ करते थे और करियर भी अच्छा चल रहा था। लेकिन जीवनसाथी के चले जाने के बाद उन्हें समझ नहीं आ रहा था कि बेटे की देखभाल कैसे करें।
राहुल देव ने कहा, “मेरे पास सब कुछ था। पैसा था, नाम था, अवॉर्ड्स थे और लोग मेरे काम को पसंद करते थे। लेकिन जब मेरी पत्नी नहीं रहीं, तब मुझे समझ नहीं आया कि बेटे को कैसे संभालूं। उसकी परवरिश कैसे करूं।”
उन्होंने बताया कि शादी के दौरान घर और बच्चे की जिम्मेदारी उनकी पत्नी ही संभालती थीं। राहुल अक्सर फिल्मों और टीवी शो की शूटिंग के लिए बाहर रहते थे। कई बार उन्हें 20 से 25 दिनों तक घर आने का मौका नहीं मिलता था। ऐसे में बेटे की पूरी जिम्मेदारी रीना निभाती थीं। राहुल ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में काम करने वालों की जिंदगी सामान्य लोगों से काफी अलग होती है। उस समय मुंबई में कम शूटिंग होती थी और ज्यादातर काम दूसरे शहरों या विदेशों में होता था। लंबे समय तक घर से दूर रहने के कारण वह बेटे के साथ ज्यादा समय नहीं बिता पाते थे।
उन्होंने कहा, “मेरी पत्नी एक बहुत अच्छी मां थीं। उन्होंने बेटे को बहुत प्यार और अच्छे संस्कार दिए। लेकिन उनके जाने के बाद मुझे समझ नहीं आ रहा था कि एक पिता के साथ-साथ मां की जिम्मेदारी कैसे निभाऊं।”
Rahul Dev ने बताया कि शुरुआत में उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। उन्हें यह भी नहीं पता था कि छोटे बच्चे की रोजमर्रा की जरूरतों का ध्यान कैसे रखा जाता है। हालांकि समय के साथ उन्होंने सब कुछ सीखा और धीरे-धीरे बेटे की परवरिश की जिम्मेदारी पूरी तरह संभाल ली। उन्होंने कहा कि जीवन ने उन्हें बहुत कुछ सिखाया। पहले वह केवल अपने काम पर ध्यान देते थे, लेकिन पत्नी के जाने के बाद उन्हें परिवार की जिम्मेदारियों को भी समझना पड़ा। उन्होंने हर दिन कुछ नया सीखा और अपने बेटे के लिए खुद को बदल लिया।
राहुल देव ने दूसरी शादी नहीं की। आज उनकी उम्र 57 साल है, लेकिन उन्होंने दोबारा विवाह करने का फैसला नहीं लिया। हालांकि पिछले कई वर्षों से वह अभिनेत्री मुग्धा गोडसे के साथ रिश्ते में हैं। दोनों लंबे समय से एक-दूसरे के साथ हैं और साल 2020 से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे हैं। राहुल और मुग्धा अक्सर सोशल मीडिया पर अपनी तस्वीरें साझा करते रहते हैं। दोनों कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में भी साथ नजर आते हैं। खास बात यह है कि मुग्धा गोडसे और राहुल देव के बेटे के बीच भी अच्छा रिश्ता है। राहुल ने कई बार बताया है कि मुग्धा उनके बेटे के साथ बेहद अच्छा व्यवहार करती हैं और दोनों के बीच मजबूत बॉन्डिंग है।
हालांकि राहुल देव और मुग्धा गोडसे ने अब तक शादी नहीं की है। दोनों अपने रिश्ते को समझदारी और सम्मान के साथ निभा रहे हैं। राहुल का मानना है कि हर रिश्ते को शादी का नाम देना जरूरी नहीं होता। सबसे महत्वपूर्ण बात एक-दूसरे का साथ और विश्वास है। वर्कफ्रंट की बात करें तो राहुल देव लंबे समय से फिल्म और टीवी इंडस्ट्री का हिस्सा हैं। उन्होंने हिंदी फिल्मों के अलावा कई साउथ इंडियन फिल्मों में भी काम किया है। खासतौर पर खलनायक यानी निगेटिव किरदारों में उन्हें दर्शकों ने काफी पसंद किया है। उनकी दमदार आवाज, शानदार स्क्रीन प्रेजेंस और प्रभावशाली अभिनय ने उन्हें इंडस्ट्री में अलग पहचान दिलाई है।
राहुल देव टीवी के कई लोकप्रिय रियलिटी और फिक्शन शो में भी नजर आ चुके हैं। आज भी वह लगातार नए प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहे हैं। उनके कई फिल्म और वेब सीरीज प्रोजेक्ट्स आने वाले समय में रिलीज होने वाले हैं। राहुल देव की कहानी इस बात का उदाहरण है कि जिंदगी में कितनी भी बड़ी मुश्किल क्यों न आ जाए, इंसान अगर हिम्मत और जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़े तो हर चुनौती का सामना कर सकता है। पत्नी को खोने का दर्द उनके लिए कभी कम नहीं होगा, लेकिन उन्होंने अपने बेटे की परवरिश को अपनी सबसे बड़ी जिम्मेदारी माना और उसे पूरी ईमानदारी से निभाया। आज भी राहुल देव अपने परिवार, रिश्तों और काम के बीच संतुलन बनाकर आगे बढ़ रहे हैं। उनकी यह यात्रा कई लोगों के लिए प्रेरणा देने वाली है।
