
फिल्मी दुनिया से दूर आरव का अलग रास्ता
जहाँ बॉलीवुड के ज्यादातर स्टार किड्स अपने माता-पिता के नक्शेकदम पर चलते हुए सिनेमा की चकाचौंध को चुनते हैं, वहीं अक्षय कुमार के बेटे आरव भाटिया ने एक बिल्कुल अलग राह चुनी है। अक्षय कुमार ने हाल ही में खुलासा किया है कि उनके बेटे का फिल्मों में आने का कोई इरादा नहीं है। आरव लाइमलाइट से दूर रहना पसंद करते हैं और उन्होंने खुद को ग्लैमर वर्ल्ड से पूरी तरह अलग रखा है। अक्षय के अनुसार, आरव की प्राथमिकताएं और सपने किसी और फील्ड में अपनी पहचान बनाने के हैं।
फैशन की बारीकियां सीखने के लिए गांवों का दौरा
अक्षय ने शुभांकर मिश्रा के पॉडकास्ट में बताया कि आरव का रुझान फैशन इंडस्ट्री की तरफ है। दिलचस्प बात यह है कि आरव किसी आलीशान स्टूडियो के बजाय जमीन से जुड़कर इस कला को सीख रहे हैं। अक्षय के मुताबिक, आरव इन दिनों भारत के अलग-अलग गांवों का दौरा कर रहे हैं, ताकि वे वहां के पारंपरिक प्रिंट्स, कपड़ों की बुनाई और स्थानीय फैशन को गहराई से समझ सकें। एक सुपरस्टार का बेटा होने के बावजूद जमीनी स्तर पर जाकर कुछ नया सीखने का उनका यह जज्बा चर्चा का विषय बना हुआ है।
साढ़े चार हजार की नौकरी और सादा जीवन
अक्षय कुमार ने बेटे के संघर्ष और सादगी पर बात करते हुए एक बड़ा राज खोला। उन्होंने बताया कि आरव इस समय केवल 4500 रुपये की मामूली नौकरी कर रहे हैं। अक्षय का मानना है कि यह उनके बेटे के लिए एक बेहतरीन अनुभव है क्योंकि वे खुद अपनी मेहनत से आगे बढ़ना चाहते हैं। फिलहाल आरव लंदन की एक यूनिवर्सिटी में अपनी उच्च शिक्षा पूरी कर रहे हैं और खाली समय में अपनी रुचि के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। अक्षय अपने बेटे को ज्यादा लेक्चर नहीं देते, बस उन्हें हमेशा नेक इंसान बने रहने की सीख देते हैं।
बाप-बेटे की पसंद में समानता
अक्षय कुमार के अनुसार, वे और उनके बेटे काफी हद तक एक जैसे हैं। दोनों को अपनी सेहत और फिटनेस का खास ख्याल रखना पसंद है। आरव काफी फोकस्ड हैं और अपनी लंबी हाइट व अच्छी पर्सनैलिटी के बावजूद कैमरे के सामने आने के बजाय कैमरे के पीछे क्रिएटिव काम करना चाहते हैं। अक्षय कुमार और ट्विंकल खन्ना ने हमेशा अपने बच्चों को अपनी पसंद का करियर चुनने की आजादी दी है, और आरव का यह फैसला इसी परवरिश की झलक दिखाता है। अब देखना होगा कि फैशन की दुनिया में आरव अपनी क्या नई पहचान बनाते हैं।
